डिजिटल डेस्क- पश्चिम बंगाल के बांकुड़ा में आयोजित एक जनसभा को संबोधित करते हुए उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने राज्य की मौजूदा स्थिति पर चिंता जताते हुए बदलाव की जोरदार वकालत की। उन्होंने कहा कि पश्चिम बंगाल अब परिवर्तन के एक नए दौर की ओर बढ़ रहा है और आने वाले समय में यहां बदलाव निश्चित है। अपने संबोधन में योगी आदित्यनाथ ने कहा कि बंगाल की वर्तमान स्थिति देखकर दुख होता है। उन्होंने इस धरती को स्वामी विवेकानंद की भूमि बताते हुए कहा कि एक समय यह राज्य सांस्कृतिक और आध्यात्मिक दृष्टि से अग्रणी रहा है, लेकिन आज हालात इसके विपरीत हो गए हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि पहले कांग्रेस, फिर वामपंथी दलों और पिछले 15 वर्षों से तृणमूल कांग्रेस (TMC) की सरकार ने राज्य को गरीबी और अव्यवस्था की ओर धकेल दिया है।
कानून-व्यवस्था पर टीएमसी को घेरा
सीएम योगी ने कानून-व्यवस्था के मुद्दे पर भी पश्चिम बंगाल सरकार को घेरा। उन्होंने कहा कि राज्य में अराजकता और गुंडागर्दी का माहौल है, जबकि उत्तर प्रदेश में स्थिति पूरी तरह बदल चुकी है। उन्होंने कहा, “एक समय यूपी में हर त्योहार पर दंगे होते थे, माफिया और गुंडे सत्ता चलाते थे, लेकिन आज वहां कानून का राज है। अब न कोई माफिया है, न कोई गुंडा हर नागरिक खुद को सुरक्षित महसूस करता है।” अपने भाषण में उन्होंने ‘तुष्टिकरण’ बनाम ‘संतुष्टिकरण’ की बात करते हुए कहा कि उनकी सरकार सभी वर्गों के विकास के लिए काम कर रही है। उन्होंने दावा किया कि उत्तर प्रदेश में अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की गई है और कानून व्यवस्था को मजबूत किया गया है।
बांग्लादेश में दलित हिंदू की हत्या का किया जिक्र
योगी आदित्यनाथ ने बंगाल की राजनीति पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि “वोट के सौदागर” राज्य की जनसंख्या संरचना को बदलने की कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने हाल ही में बांग्लादेश में एक दलित हिंदू की हत्या का जिक्र करते हुए कहा कि इस मुद्दे पर भाजपा ने विरोध किया, लेकिन पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने चुप्पी साध ली। उन्होंने आरोप लगाया कि यह चुप्पी वोट बैंक की राजनीति के कारण है। सीएम योगी ने जनता से आह्वान करते हुए कहा कि यह समय आने वाली पीढ़ियों के भविष्य को सुरक्षित करने का है। उन्होंने लोगों से अपील की कि वे कांग्रेस, वामपंथ और TMC को राज्य के भविष्य से खिलवाड़ करने की अनुमति न दें।