डिजिटल डेस्क- पश्चिम बंगाल में चुनावी माहौल के बीच आसनसोल से एक सनसनीखेज वारदात सामने आई है। यहां पूर्व सीपीएम नेता मोहम्मद सरफुद्दीन की दिनदहाड़े गोली मारकर हत्या कर दी गई। यह घटना आसनसोल के हीरापुर थाना क्षेत्र के करीमडंगाल इलाके में उस वक्त हुई, जब वे सुबह नमाज अदा करने के लिए अपने घर से पास की मस्जिद जा रहे थे। इस हत्या के बाद पूरे इलाके में दहशत फैल गई है और राजनीतिक गलियारों में भारी हलचल मच गई है। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, जैसे ही मोहम्मद सरफुद्दीन मस्जिद की ओर बढ़े, तभी बाइक सवार एक हमलावर ने उन पर अचानक गोली चला दी। गोली लगते ही वे सड़क पर गिर पड़े। उनके मुंह और नाक से खून बहने लगा। हमले के बाद आरोपी मौके से फरार हो गया। यह पूरी वारदात घटनास्थल पर लगे सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई, जिसका फुटेज अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।
घटनास्थल से पिस्टल और खोखा बरामद
घटना की सूचना मिलते ही हीरापुर थाना पुलिस मौके पर पहुंची। एसीपी इप्शिता दत्ता के नेतृत्व में पुलिस टीम ने घटनास्थल का निरीक्षण किया और आसपास के लोगों से पूछताछ शुरू की। गंभीर रूप से घायल मोहम्मद सरफुद्दीन को स्थानीय लोगों और परिजनों की मदद से तुरंत आसनसोल जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने घटनास्थल से एक पिस्टल और एक गोली का खोखा बरामद किया है। शुरुआती जांच में यह साफ हुआ है कि हमला पूरी तरह सुनियोजित था। पुलिस सीसीटीवी फुटेज के आधार पर हमलावर की पहचान करने की कोशिश कर रही है। आसपास के इलाकों में लगे अन्य कैमरों की फुटेज भी खंगाली जा रही है, ताकि आरोपी तक जल्द से जल्द पहुंचा जा सके।
सीपीएम नेताओं में रोष
इस हत्या के बाद क्षेत्र में सुरक्षा बढ़ा दी गई है। राजनीतिक दलों के नेताओं की प्रतिक्रियाएं भी सामने आने लगी हैं। सीपीएम समेत अन्य विपक्षी दलों ने इस घटना को कानून-व्यवस्था की नाकामी बताया है और निष्पक्ष जांच की मांग की है। वहीं, सत्तारूढ़ दल की ओर से भी मामले की कड़ी जांच और दोषियों की जल्द गिरफ्तारी का भरोसा दिया गया है। स्थानीय लोगों का कहना है कि मोहम्मद सरफुद्दीन इलाके में एक जाना-पहचाना नाम थे और सामाजिक गतिविधियों में सक्रिय रहते थे। उनकी हत्या से लोग सहमे हुए हैं। चुनाव से पहले इस तरह की वारदात ने राजनीतिक तनाव को और बढ़ा दिया है।