शिव शंकर सविता- कानपुर के घाटमपुर क्षेत्र के भीतरगांव इलाके में शनिवार को साढ़ थाना उस वक्त गवाह बना एक बेहद भावुक और विवादित फैसले का, जब तीन बच्चों की मां ने सबके सामने अपने परिवार को छोड़कर 18 वर्षीय युवक के साथ जाने का फैसला किया। 45 वर्षीय महिला 26 जनवरी को अचानक घर से लापता हो गई थी। पति की शिकायत पर पुलिस ने गुमशुदगी दर्ज की और महिला की तलाश शुरू की। जांच के दौरान सामने आया कि महिला का अपने पड़ोस में रहने वाले एक युवक से प्रेम संबंध है और वह उसी के साथ चली गई है। करीब एक महीने की तलाश के बाद पुलिस ने महिला और युवक को बकेवर इलाके से बरामद कर थाने लाया। थाने में जैसे ही महिला के पति को सूचना मिली, वह अपने तीनों बच्चों को लेकर पहुंच गया। पति ने पत्नी से घर लौटने की मिन्नतें कीं, बच्चों ने मां को पकड़कर रोते हुए कहा—“हमें छोड़कर मत जाओ।”
प्रेमी की उम्र के बराबर के बेटे के समझाने पर भी नहीं समझी माँ
सबसे भावुक पल तब आया, जब महिला का 18 वर्षीय बेटा, जो उम्र में प्रेमी के लगभग बराबर है, अपनी मां को समझाने लगा। उसने कहा कि “मां, एक बार घर चलो, सब ठीक हो जाएगा।” लेकिन महिला शांत और दृढ़ नजर आई। महिला ने पुलिस और परिजनों के सामने स्पष्ट कहा कि वह किसी दबाव में नहीं है और उसने सोच-समझकर यह फैसला लिया है। उसका कहना था कि अब वह उसी युवक के साथ अपनी बाकी जिंदगी बिताना चाहती है। थाना प्रभारी अवनीश कुमार सिंह ने बताया कि महिला को हर पहलू समझाया गया, लेकिन वह जिद पर अड़ी रही।
कानूनी लिखा पढ़ी के बाद प्रेमी के साथ गई महिला
चूंकि महिला बालिग है और उसने अपनी मर्जी जाहिर की, इसलिए कानूनन पुलिस उसे रोक नहीं सकती थी। आवश्यक लिखा-पढ़ी पूरी करने के बाद महिला युवक के साथ चली गई। इस घटना के बाद गांव से लेकर थाना परिसर तक चर्चाओं का दौर शुरू हो गया। लोग अलग-अलग राय दे रहे हैं कुछ इसे प्यार की आजादी बता रहे हैं, तो कुछ इसे बच्चों और परिवार के प्रति जिम्मेदारी से पलायन मान रहे हैं।