KNEWS DESK- टी20 विश्व कप के सेमीफाइनल से पहले भारतीय टीम ने मुंबई में जोरदार अभ्यास सत्र के साथ अपनी तैयारियों को अंतिम रूप देना शुरू कर दिया है। इंग्लैंड जैसी मजबूत टीम से मुकाबले से पहले खिलाड़ियों ने नेट्स पर जमकर पसीना बहाया और रणनीति पर खास काम किया।
युवा सलामी बल्लेबाज अभिषेक शर्मा के लिए यह मुकाबला खास महत्व रखता है। ठीक एक साल पहले उन्होंने इंग्लैंड के खिलाफ तूफानी अंदाज में 54 गेंदों पर 135 रन की यादगार पारी खेली थी। हालांकि मौजूदा टूर्नामेंट में वह अभी तक अपनी सर्वश्रेष्ठ लय में नजर नहीं आए हैं। जिम्बाब्वे के खिलाफ 55 रन की पारी ने जरूर आत्मविश्वास बढ़ाया, लेकिन टीम को उनसे और बड़ी पारी की उम्मीद है।
अभ्यास सत्र में अभिषेक ने बल्लेबाजी कोच की देखरेख में स्पिन गेंदबाजी के खिलाफ लंबा समय बिताया। खास तौर पर ऑफ स्पिन के खिलाफ उनकी तकनीक पर काम किया गया। लेग स्पिन और बाएं हाथ के तेज गेंदबाजों के खिलाफ भी उन्होंने शॉट चयन और फुटवर्क सुधारने पर ध्यान दिया।
चंद्र ग्रहण के कारण सत्र में थोड़ी देरी जरूर हुई, लेकिन टीम के सभी 15 खिलाड़ी मैदान पर पहुंचे। माहौल सकारात्मक और ऊर्जा से भरा दिखा। वार्म-अप के दौरान मुख्य कोच भी खिलाड़ियों के साथ सक्रिय नजर आए।
पिच पर घास की मौजूदगी ने भी ध्यान खींचा। माना जा रहा है कि मैच के दिन तक घास कम कर दी जाएगी, जिससे बल्लेबाजों और स्पिनरों दोनों को संतुलित मदद मिल सकती है।
तेज गेंदबाजों ने भी अभ्यास में पूरी ताकत झोंकी। यॉर्कर और डेथ ओवर की रणनीति पर विशेष ध्यान दिया गया। जसप्रीत बुमराह ने अपनी सटीक लाइन-लेंथ से प्रभाव छोड़ा, जबकि अन्य गेंदबाजों ने भी विविधताओं पर काम किया।
स्पिन विभाग में कुलदीप यादव और वरुण चक्रवर्ती के खिलाफ बल्लेबाजों ने आक्रामक शॉट्स का अभ्यास किया। स्लॉग स्वीप और लॉन्ग-ऑन/लॉन्ग-ऑफ के ऊपर से शॉट खेलने की तैयारी साफ दिखी।
हार्दिक पांड्या ने लंबे समय तक रेंज हिटिंग का अभ्यास किया। उन्होंने पावर हिटिंग के जरिए डेथ ओवरों में तेजी लाने की भूमिका पर काम किया। तिलक वर्मा और ईशान किशन ने भी तेज और स्पिन मिश्रित गेंदबाजी के खिलाफ संतुलित बल्लेबाजी सत्र बिताया।
पिछले दो मुकाबलों में टीम संयोजन संतुलित नजर आया है। अभिषेक शर्मा और संजू सैमसन के साथ शीर्ष क्रम स्थिर दिखा है। ऐसे में सेमीफाइनल जैसे बड़े मुकाबले से पहले प्लेइंग-11 में बड़े बदलाव की संभावना कम है।
सेमीफाइनल में इंग्लैंड की आक्रामक बल्लेबाजी और गहराई वाली गेंदबाजी भारतीय टीम के लिए बड़ी चुनौती होगी। लेकिन जिस तरह से खिलाड़ियों ने अभ्यास में समर्पण और तैयारी दिखाई है, उससे साफ है कि टीम किसी भी स्थिति के लिए तैयार रहना चाहती है। अब सबकी नजरें गुरुवार के महामुकाबले पर टिकी हैं, जहां एक जीत भारत को फाइनल के करीब पहुंचा देगी।