शिव शंकर सविता- उत्तर प्रदेश में आगामी यूपी पुलिस कांस्टेबल भर्ती (32,000 पदों के लिए) को लेकर युवाओं और अभ्यर्थियों में नाराजगी बढ़ती जा रही है। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर हजारों उम्मीदवार लगातार सरकार से मांग कर रहे हैं कि सामान्य वर्ग की आयु सीमा में कम से कम तीन साल की छूट दी जाए। अभ्यर्थियों का तर्क है कि 18 से 22 साल की वर्तमान आयु सीमा अन्य राज्यों की तुलना में बहुत कम है और वर्षों से तैयारी कर रहे छात्र अब ओवरएज हो चुके हैं। अभ्यर्थियों का कहना है कि पिछले वर्षों में यूपी में कांस्टेबल भर्ती अनियमित रही है। 2019 के बाद केवल 2023 में एक मौका मिला। इस बीच, कई उम्मीदवार अपनी तैयारी पूरी कर चुके हैं लेकिन उम्र सीमा के कारण आवेदन से वंचित हैं। पिछले 60 हजार कांस्टेबल भर्ती में आयु सीमा में छूट दी गई थी। 2025 में यूपी पुलिस एसआई भर्ती में भी 3 साल की छूट दी गई थी। इस बार सभी वर्गों को अतिरिक्त आयु सीमा में छूट नहीं दी गई, जिससे नाराजगी और बढ़ गई है।
युवाओं की गुहार सोशल मीडिया पर
अभ्यर्थी एक्स पर लगातार हैशटैग #Up_Constable_Pac_Age_Relaxation, #UPP_Age_Relaxation_3Years, #UPP_Age_Relaxation के माध्यम से सरकार को टैग कर रहे हैं। उनके ट्वीट में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, यूपी पुलिस भर्ती बोर्ड और यूपी सीएम ऑफिस को निशाना बनाया जा रहा है। अभ्यर्थियों का कहना है कि बिहार, एमपी और हरियाणा जैसी राज्य पुलिस भर्ती में उम्र सीमा 25-33 साल तक है, लेकिन यूपी में 22 साल में युवाओं को ओवरएज मान लिया जाता है।
अखिलेश यादव ने किया समर्थन
पूर्व मुख्यमंत्री और समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने भी इस मांग का समर्थन किया है। उन्होंने कहा, “भाजपा सरकार की लचर भर्ती प्रक्रिया की वजह से ओवरएज हुए अभ्यर्थियों को उम्र की छूट देकर उप्र सरकार नव वर्ष का तोहफ़ा दे। बेरोज़गार युवाओं का भविष्य सुरक्षित करना ही सबसे बड़ी जिम्मेदारी है। बता दें कि इस भर्ती में पुरुषों के लिए आयु सीमा 18 से 22 वर्ष और महिलाओं के लिए 18 से 25 वर्ष है। एससी, एसटी और ओबीसी वर्ग को 5 साल की छूट दी गई है। पदों का विवरण इस प्रकार है: कांस्टेबल पुलिस: 10,469, पीएसी: 15,131, महिला पीएससी: 2,282, एसएसएफ: 1,341, घुड़सवार: 71, जेल वार्डर: 3,279, महिला जेल वार्डर: 106। कुल 32,679 पदों पर भर्ती होनी है।
निगेटिव मार्किंग समाप्त
योगी सरकार ने परीक्षा में गलत उत्तर पर नंबर काटने की निगेटिव मार्किंग समाप्त कर दी है। अब कांस्टेबल व जेल वार्डर परीक्षा में गलत उत्तर देने पर अंक नहीं घटेंगे, जबकि सही उत्तर पर अंक मिलेंगे। यह व्यवस्था अभ्यर्थियों के लिए राहत की खबर है। युवाओं का कहना है कि “पिछले 7 सालों से PAC भर्ती न आने के कारण हजारों अभ्यर्थियों का भविष्य अधर में है। एक ही गुहार है UP Constable PAC भर्ती में तीन साल की आयु सीमा में छूट दी जाए।” अगर सरकार समय रहते इस मांग को मानती है, तो लाखों युवा अपने सपनों को पूरा कर सकेंगे और उत्तर प्रदेश में भर्ती प्रक्रिया में न्याय सुनिश्चित होगा।