डिजिटल डेस्क- धीरेन्द्र कृष्ण शास्त्री, बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर और देश के प्रसिद्ध कथावाचक, इन दिनों ऑस्ट्रेलिया दौरे पर पहुंच गए हैं। 8 से 15 अप्रैल तक चलने वाले इस विशेष दौरे के दौरान वह ऑस्ट्रेलिया के विभिन्न शहरों में धार्मिक और आध्यात्मिक कार्यक्रमों में भाग लेंगे। उनके इस दौरे को सनातन संस्कृति के वैश्विक विस्तार के रूप में देखा जा रहा है। धीरेंद्र शास्त्री इस दौरान कैनबरा, पर्थ और सिडनी जैसे प्रमुख शहरों में अपने प्रवचन देंगे। खास बात यह है कि 8 अप्रैल को वह पहली बारऑस्ट्रेलिया की संसद के हॉल में संबोधन करेंगे। यह आयोजन विश्व शांति, विश्व बंधुत्व और भारतीय आध्यात्म को समर्पित होगा, जिसमें ऑस्ट्रेलियाई संसद से जुड़े प्रतिनिधि, इंडो-ऑस्ट्रेलियाई समुदाय के गणमान्य सदस्य और बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल होने की संभावना है।
दोपहर 1ः30 पर शुरू होगा कार्यक्रम, पूरी दुनिया में होगा लाइव प्रसारण
यह कार्यक्रम भारतीय समयानुसार दोपहर 1:30 बजे शुरू होगा और इसे दुनियाभर में लाइव प्रसारित किया जाएगा। डिजिटल प्लेटफॉर्म जैसे यूट्यूब, फेसबुक और इंस्टाग्राम के माध्यम से लोग इस कार्यक्रम को आसानी से देख सकेंगे। खास बात यह है कि बागेश्वर धाम द्वारा इस आयोजन के लिए नो-कॉपीराइट लिंक उपलब्ध कराया जाएगा, जिससे मीडिया चैनल और सोशल मीडिया यूजर्स बिना किसी बाधा के इसे प्रसारित कर सकें। आयोजकों के अनुसार, यह केवल एक धार्मिक आयोजन नहीं बल्कि वैश्विक मंच पर सनातन संस्कृति की गूंज का प्रतीक है। इस पहल का उद्देश्य भारतीय आध्यात्मिक परंपराओं और मूल्यों को दुनिया के कोने-कोने तक पहुंचाना है। खासकर ऑस्ट्रेलिया में बसे भारतीय मूल के लोगों के लिए यह आयोजन एक भावनात्मक और सांस्कृतिक जुड़ाव का अवसर भी बनेगा।
बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के शामिल होने की उम्मीद
धीरेंद्र शास्त्री के कार्यक्रमों में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के शामिल होने की उम्मीद है। उनके प्रवचन और धार्मिक कथाएं पहले से ही देश और विदेश में लाखों लोगों को आकर्षित करती रही हैं। अब जब वह अंतरराष्ट्रीय मंच से सनातन धर्म का संदेश देंगे, तो यह आयोजन और भी खास बन जाता है। आयोजकों ने लोगों से अपील की है कि इस ऐतिहासिक अवसर को अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचाने में सहयोग करें। कार्यक्रम का यूट्यूब लिंक आयोजन से पहले साझा किया जाएगा, जिसे कोई भी अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर लाइव चला सकता है।