KNEWS DESK- दिल्ली विधानसभा के शीतकालीन सत्र के पांचवें दिन प्रदूषण और अन्य गंभीर मुद्दों पर चर्चा शुरू होते ही हंगामा देखने को मिला। आम आदमी पार्टी (AAP) के विधायक सदन में विरोध प्रदर्शन करने लगे और दिल्ली सरकार पर आरोप लगाया कि यह मुद्दों को टालने की कोशिश कर रही है।
AAP विधायक संजीव झा ने कहा, “दिल्ली में गंदे पानी, कानून-व्यवस्था, यमुना प्रदूषण और बढ़ते प्रदूषण से मौत के मामलों जैसी गंभीर समस्याएं हैं। लेकिन भाजपा ने फर्जी वीडियो का सहारा लेकर चर्चा रोकने की कोशिश की। हम मांग करते हैं कि इस वीडियो को तुरंत रद्द किया जाए और जिन विधायकों ने झूठ फैलाया, उन पर छह महीने का सस्पेंशन लगे।”
वहीं, दिल्ली सरकार में मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा ने आम आदमी पार्टी पर हमला बोला। उन्होंने कहा कि विपक्ष प्रदूषण पर चर्चा करने से भाग रहा है। “सदन शुरू होते ही विपक्षी सभी लोग चले गए। आप के 11 साल के शासन में अरविंद केजरीवाल, मनीष सिसोदिया और सत्येंद्र जैन पंजाब भाग गए, और उनके विधायक चर्चा छोड़कर भाग गए। जनता देख सकती है कि जिन्हें चुनकर भेजा गया था वे खुद गंभीर मुद्दों से भाग रहे हैं।”
मंत्री आशीष सूद ने भी AAP पर निशाना साधते हुए कहा कि दो दिन पहले सदन में गुरुओं पर चर्चा के दौरान आप के विधायकों ने अभद्र टिप्पणियां की थीं। उन्होंने कहा, “AAP सदन में प्रदूषण पर चर्चा से भाग रही है ताकि 12 साल की नाकामियों का जवाब न देना पड़े। जनता को इस नकारात्मकता का जवाब देना होगा।”
इस हंगामे के बीच सदन में प्रदूषण, गंदे पानी और यमुना की समस्या जैसी प्रमुख सार्वजनिक मुद्दों पर कोई सार्थक चर्चा नहीं हो पाई। विशेषज्ञों और राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार, यह मामला विधानसभा में विपक्ष और सत्ता पक्ष के बीच बढ़ते तनाव को दर्शाता है।
इस शीतकालीन सत्र में प्रदूषण और दिल्ली की गंभीर समस्याओं पर चर्चा के लिए नागरिकों और मीडिया की निगाहें बनी हुई हैं, जबकि AAP और भाजपा के बीच चल रहा आरोप-प्रत्यारोप का दौर लगातार तेज होता जा रहा है।