डिजिटल डेस्क- बिहार के सहरसा जिले से एक दिल दहला देने वाली खबर सामने आई है, जहां बनमा ईंटहरी थाना क्षेत्र के भगवानपुर गांव में एक ही परिवार के छह लोगों ने संदिग्ध परिस्थितियों में जहर खा लिया। जहर खाने वालों में एक महिला और उसके पांच मासूम बच्चे शामिल हैं। इस सामूहिक आत्मघाती कदम के बाद पूरे गांव में हड़कंप मच गया है। फिलहाल सभी को इलाज के लिए सहरसा के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां दो बच्चों की स्थिति अत्यंत नाजुक बनी हुई है। मिली जानकारी के अनुसार, सोमवार को भगवानपुर गांव स्थित एक घर से अचानक चीख-पुकार मचने लगी। जब आसपास के लोग मौके पर पहुंचे, तो उन्होंने देखा कि महिला और उसके पांचों बच्चे बदहवास हालत में गिरे हुए थे। कमरे से कीटनाशक की तेज गंध आ रही थी, जिससे स्पष्ट हो गया कि सभी ने जहर का सेवन किया है। स्थानीय ग्रामीणों ने बिना देरी किए सभी को वाहन में लादा और शहर के एक निजी नर्सिंग होम में भर्ती कराया।
दो मासूमों की हालत चिंताजनक
अस्पताल के डॉक्टरों के अनुसार, सभी छह लोगों का ‘गैस्ट्रिक लैवेज’ (पेट की सफाई) किया गया है। भर्ती किए गए बच्चों में दो की हालत बेहद गंभीर बनी हुई है, उन्हें वेंटिलेटर सपोर्ट पर रखा गया है। अन्य तीन बच्चों और महिला की स्थिति फिलहाल स्थिर बताई जा रही है, लेकिन वे अभी भी डॉक्टरों की कड़ी निगरानी में हैं। घटना की जानकारी मिलते ही अस्पताल परिसर में लोगों की भारी भीड़ जमा हो गई।
घरेलू विवाद की आशंका: पुलिस की जांच तेज
घटना की सूचना मिलते ही सदर थानाध्यक्ष सुबोध कुमार दल-बल के साथ अस्पताल पहुंचे और पीड़ितों के परिजनों से पूछताछ की। पुलिस के मुताबिक, प्रथम दृष्ट्या यह मामला भीषण घरेलू विवाद का लग रहा है। आशंका जताई जा रही है कि परिवार में किसी बात को लेकर गहरे मतभेद थे, जिसके चलते महिला ने हताशा में आकर अपने बच्चों के साथ यह आत्मघाती कदम उठाया। सदर थानाध्यक्ष सुबोध कुमार ने बताया, “पुलिस मामले की गंभीरता से जांच कर रही है। अभी तक जहर खाने के सटीक कारणों का खुलासा नहीं हो सका है क्योंकि महिला बयान देने की स्थिति में नहीं है। हम घरेलू कलह के साथ-साथ अन्य सभी पहलुओं पर भी जांच कर रहे हैं।”
गांव में पसरा सन्नाटा
भगवानपुर गांव में इस घटना के बाद से मातम पसरा हुआ है। ग्रामीणों का कहना है कि परिवार में अक्सर तनाव रहता था, लेकिन किसी ने नहीं सोचा था कि इसका अंत इतना खौफनाक होगा। बनमा ईंटहरी थाने की पुलिस भी गांव में पहुंचकर छानबीन कर रही है और पड़ोसियों के बयान दर्ज किए जा रहे हैं।