KNEWS DESK – महिला आरक्षण बिल 2026 को लेकर सियासत तेज हो गई है और बयानबाजी अपने चरम पर पहुंच गई है। इस बीच Tejashwi Yadav ने Samrat Choudhary पर जोरदार हमला बोला है और उनकी प्रेस कॉन्फ्रेंस पर कई सवाल खड़े किए हैं।
‘मुख्यमंत्री बने, लेकिन बिल समझ नहीं आए’
बिहार विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने तंज कसते हुए कहा कि सम्राट चौधरी मुख्यमंत्री तो बन गए हैं, लेकिन उन्हें महिला आरक्षण बिल की समझ नहीं है। उन्होंने कहा कि सरकार इस मुद्दे को सही तरीके से जनता के सामने नहीं रख पा रही है।
‘महिला आरक्षण की आड़ में परिसीमन’
तेजस्वी यादव ने केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि महिला आरक्षण के नाम पर परिसीमन (डिलिमिटेशन) की राजनीति की जा रही है। उन्होंने साफ कहा कि उनकी पार्टी आरक्षण के खिलाफ नहीं है, लेकिन इस प्रक्रिया के पीछे की मंशा पर सवाल हैं।
उन्होंने मांग की कि अगर महिलाओं को आरक्षण देना है, तो सीधे 50 प्रतिशत आरक्षण लागू किया जाए।
‘तीन साल से क्यों अटका है बिल?’
तेजस्वी ने सवाल उठाया कि जब महिला आरक्षण बिल पहले ही पास हो चुका था, तो इसे अब तक लागू क्यों नहीं किया गया। उन्होंने पूछा कि राष्ट्रपति की मंजूरी में देरी क्यों हुई और इसे अमल में लाने में इतना वक्त क्यों लग रहा है।
‘PMO से चल रहा बिहार’
सीएम पर कटाक्ष करते हुए उन्होंने कहा कि बिहार की सरकार रिमोट कंट्रोल से चल रही है। बिना नाम लिए उन्होंने Narendra Modi और Amit Shah की ओर इशारा करते हुए कहा कि फैसले दिल्ली से लिए जा रहे हैं और राज्य सरकार सिर्फ उन्हें लागू कर रही है।
तेजस्वी यादव ने आरोप लगाया कि बीजेपी महिलाओं का सम्मान नहीं करती। उन्होंने दावा किया कि उनकी पार्टी ने चुनावों में महिलाओं को ज्यादा टिकट दिए हैं। साथ ही उन्होंने आरएसएस पर भी निशाना साधते हुए विवादित टिप्पणी की।
‘ट्रिपल C’ पर भी घेरा
निशांत कुमार के ‘ट्रिपल C’ वाले बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए तेजस्वी ने कहा कि इस मुद्दे पर भी Nitish Kumar समझौता कर चुके हैं। उन्होंने कानून-व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए कहा कि बिहार और यूपी में क्राइम रेट ज्यादा है और बीजेपी सांप्रदायिक राजनीति करती है।