डिजिटल डेस्क- पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव के बीच सियासी सरगर्मी तेज हो गई है। पूर्वी बर्दवान जिले के कटवा में आयोजित एक विशाल जनसभा को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राज्य में बड़े राजनीतिक बदलाव का दावा किया। उन्होंने कहा कि 4 मई के बाद बंगाल में “नया दौर” शुरू होगा और जनता परिवर्तन के लिए पूरी तरह तैयार है। जनसभा में उमड़ी भीड़ को लेकर पीएम मोदी ने कहा कि पश्चिम बंगाल में उन्हें जिस तरह का जनसमर्थन मिल रहा है, वैसा उन्होंने अपने गृह राज्य गुजरात में भी पहले कभी महसूस नहीं किया। उन्होंने कहा कि यह उत्साह और जोश आने वाले चुनावी परिणामों का स्पष्ट संकेत है। उन्होंने लोगों से भारी संख्या में मतदान करने की अपील करते हुए कहा कि यह चुनाव “भय पर भरोसे की जीत” का प्रतीक बनेगा।
14 वर्षों में भ्रष्टाचार ने जमा ली हैं अपनी जड़ें- पीएम मोदी
प्रधानमंत्री ने अपने भाषण में राज्य की मौजूदा सरकार पर भी जमकर निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि पिछले 15 वर्षों में भ्रष्टाचार ने गहरी जड़ें जमा ली हैं। पीएम मोदी ने घोषणा की कि यदि राज्य में भारतीय जनता पार्टी की सरकार बनती है, तो कथित भ्रष्टाचार की जांच के लिए एक विस्तृत श्वेत पत्र जारी किया जाएगा। उन्होंने कहा कि इस दस्तावेज में हर स्तर पर हुए भ्रष्टाचार का पूरा हिसाब जनता के सामने रखा जाएगा। स्वास्थ्य सुविधाओं को लेकर भी पीएम मोदी ने बड़ा वादा किया। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार बनने के बाद पहली ही कैबिनेट बैठक में आयुष्मान भारत योजना को लागू करने का प्रस्ताव पारित किया जाएगा। उन्होंने बताया कि इस योजना से गरीब और जरूरतमंद लोगों को बेहतर और सस्ती स्वास्थ्य सेवाएं मिल सकेंगी, जिससे लाखों परिवारों को राहत मिलेगी।
घुसपैठियों और फर्जी दस्तावेजों पर भी बोला हमला
इसके अलावा प्रधानमंत्री ने घुसपैठ और फर्जी दस्तावेजों के मुद्दे पर भी सख्त रुख दिखाया। उन्होंने कहा कि नई सरकार बनने पर अवैध घुसपैठियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। साथ ही, उन लोगों पर भी कानूनी शिकंजा कसा जाएगा जिन्होंने फर्जी पहचान पत्र बनवाकर उन्हें राज्य में बसने में मदद की है। पीएम मोदी ने कहा कि यह चुनाव केवल सरकार बदलने का नहीं, बल्कि बंगाल के भविष्य को सुरक्षित करने का चुनाव है। उन्होंने जनता से अपील की कि वे विकास, पारदर्शिता और सुशासन के लिए वोट करें।
23 और 29 को वोटिंग, 4 मई को आएंगे परिणाम
गौरतलब है कि पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव दो चरणों में 23 और 29 अप्रैल को होने हैं, जबकि मतगणना 4 मई को की जाएगी। चुनावी माहौल के बीच सभी राजनीतिक दल अपनी पूरी ताकत झोंक रहे हैं। ऐसे में कटवा की यह रैली और पीएम मोदी के बयान राज्य की राजनीति में नई हलचल पैदा कर रहे हैं।