KNEWS DESK- अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सुप्रीम कोर्ट द्वारा उनके टैरिफ को अवैध करार दिए जाने के बाद नया आदेश जारी किया है। इस आदेश के तहत दुनिया भर से आने वाले आयात पर 10 फीसदी अतिरिक्त टैरिफ लगाया जाएगा। यह फैसला 24 फरवरी की सुबह 12:01 बजे से प्रभावी होगा।
हालांकि, इस नए टैरिफ आदेश में कई अहम उत्पादों और सेवाओं को छूट भी दी गई है। प्रशासन का कहना है कि राष्ट्रीय हित, घरेलू आपूर्ति और रणनीतिक जरूरतों को ध्यान में रखते हुए कुछ सेक्टरों को राहत दी गई है।
किन उत्पादों पर नहीं लगेगा 10% अतिरिक्त टैरिफ?
1. जरूरी मिनरल और रेयर अर्थ मेटल्स
ऐसे खनिज और धातुएं जो करेंसी, बुलियन और उच्च तकनीकी उत्पादों में उपयोग होती हैं, उन्हें छूट दी गई है।
2. ऊर्जा और ऊर्जा उत्पाद
कच्चा तेल, गैस और अन्य ऊर्जा से जुड़े उत्पादों पर अतिरिक्त टैरिफ लागू नहीं होगा, ताकि घरेलू बाजार में मूल्य स्थिरता बनी रहे।
3. प्राकृतिक संसाधन और उर्वरक
वे संसाधन और फर्टिलाइजर जिन्हें अमेरिका में पर्याप्त मात्रा में उत्पादित नहीं किया जा सकता या जिनसे घरेलू मांग पूरी नहीं होती, उन्हें भी छूट दी गई है।
4. कुछ कृषि उत्पाद
बीफ, टमाटर और संतरे जैसे चुनिंदा कृषि उत्पादों को भी 10 फीसदी अतिरिक्त शुल्क से बाहर रखा गया है।
5. फार्मास्यूटिकल्स और कच्चा माल
दवाइयां और उनके निर्माण में इस्तेमाल होने वाले फार्मास्यूटिकल इंग्रेडिएंट्स को छूट दी गई है, क्योंकि अमेरिका इनका बड़ा आयातक है।
6. चुनिंदा इलेक्ट्रॉनिक्स
कुछ इलेक्ट्रॉनिक उत्पादों को भी अतिरिक्त टैरिफ से राहत दी गई है, ताकि सप्लाई चेन पर दबाव न बढ़े।
7. ऑटोमोबाइल और उनके पार्ट्स
पैसेंजर गाड़ियां, हल्के ट्रक, मीडियम और हेवी-ड्यूटी वाहन, बसें और उनसे जुड़े कुछ पुर्जे इस टैरिफ के दायरे से बाहर रहेंगे।
8. एयरोस्पेस उत्पाद
कुछ एयरोस्पेस उपकरणों और संबंधित उत्पादों को भी राहत दी गई है।
9. सूचना सामग्री और दान सामग्री
किताबें, सूचना संबंधी सामग्री, दान में आने वाला सामान और व्यक्तिगत साथ लाया गया माल भी इस अतिरिक्त टैरिफ से मुक्त रहेगा।
क्या होगा असर?
विशेषज्ञों का मानना है कि 10 फीसदी अतिरिक्त टैरिफ वैश्विक व्यापार पर असर डाल सकता है, लेकिन रणनीतिक क्षेत्रों को छूट देकर प्रशासन ने संभावित घरेलू महंगाई और सप्लाई संकट को सीमित रखने की कोशिश की है।