पिता के निधन के बाद टूट गए थे संजय मिश्रा, श्मशान की लपेट ली थी राख

KNEWS DESK – हिंदी सिनेमा के बेहतरीन कलाकार Sanjay Mishra अपनी दमदार एक्टिंग और अलग अंदाज़ के लिए जाने जाते हैं। हाल ही में उनकी फिल्म Vadh 2 ने भी बॉक्स ऑफिस पर शानदार प्रदर्शन किया। लेकिन उनकी जिंदगी से जुड़ा एक ऐसा वाकया है, जो अक्सर उनके नाम के साथ याद किया जाता है, श्मशान की राख लपेट लेने वाला किस्सा।

पिता के जाने का गहरा सदमा

यह घटना उस समय की है जब संजय मिश्रा के पिता का निधन हो गया था। पिता से उनका बेहद गहरा लगाव था और उनकी मौत ने अभिनेता को अंदर तक तोड़ दिया था। वह लंबे समय तक गहरे सदमे में रहे और खुद को संभाल नहीं पा रहे थे।

एक दिन वह घर पर अपने ड्राइवर के साथ बैठकर शराब पी रहे थे। उसी दौरान उनके ससुर घर आ पहुंचे। संजय उस समय पूरी तरह नशे में थे और भावनाओं पर काबू नहीं रख पा रहे थे।

नशे में पहुंच गए श्मशान

नशे की हालत में संजय ने ड्राइवर से कहा कि उन्हें उस श्मशान घाट पर ले जाया जाए, जहां उनके पिता का अंतिम संस्कार हुआ था। ड्राइवर उन्हें वहां ले गया।

श्मशान पहुंचकर उनका दर्द और उभर आया। बताया जाता है कि वह जोर-जोर से अपने पिता को पुकारने लगे। इसी दौरान उन्होंने पास में जल रही एक चिता की राख अपने पूरे शरीर पर मल ली। राख से लिपटे हुए वह पिता को याद कर फूट-फूटकर रो रहे थे।

इस दर्दनाक पल में भी कुछ लोगों ने उन्हें पहचान लिया और उनके साथ सेल्फी लेने की कोशिश की। यह दृश्य और भी विचित्र था, एक तरफ एक बेटा अपने पिता के शोक में टूटा हुआ, दूसरी ओर लोग तस्वीर लेने की कोशिश में लगे हुए।

घर लौटे तो ससुर रह गए हैरान

जब संजय मिश्रा घर लौटे तो उनका पूरा शरीर राख से सना हुआ था। ससुर ने उन्हें उस हालत में देखा तो स्तब्ध रह गए। ड्राइवर उन्हें तुरंत बाथरूम में ले गया और नहलाया। परिवार के लिए यह बेहद कठिन क्षण था।

बाद में संजय मिश्रा ने खुद इस घटना का जिक्र करते हुए कहा कि वह उस समय बेहद दुखी थे। नशा और भावनात्मक टूटन ने उन्हें ऐसा कदम उठाने पर मजबूर कर दिया। आज वह इस किस्से को हंसी में याद कर लेते हैं, लेकिन उस वक्त यह उनके जीवन का सबसे कठिन दौर था।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *