KNEWS DESK- अलीगढ़ के मडराक इलाके में चल रहे बहुचर्चित सास-दामाद मामले में नया मोड़ आया है। 10 महीने तक पति-पत्नी की तरह रहने वाली महिला ने थाने में साफ कहा है कि वह किसी के साथ भागी नहीं हैं। उनका आरोप है कि दामाद राहुल ने उन्हें मानसिक और शारीरिक रूप से प्रताड़ित किया, नशीली दवाइयां दीं और उनका पूरा नकद व जेवर खर्च कर दिया। महिला का कहना है कि अब उन्हें बदनाम किया जा रहा है और वे न्याय चाहती हैं।
दूसरी ओर, दामाद राहुल ने महिला पर 2 लाख रुपये नकद और जेवर लेकर बहनोई के साथ फरार होने का आरोप लगाया था। उन्होंने दावा किया कि उन्हें धोखा दिया गया और भरोसा तोड़ा गया। हालांकि महिला ने इन आरोपों को पूरी तरह खारिज किया और कहा कि बहनोई पर लगाए जा रहे आरोप भी निराधार हैं।
स्थानीय लोगों के अनुसार, दोनों करीब 10 महीने तक किराए के मकान में साथ रहे और पति-पत्नी की तरह पेश आते रहे। परिजन और पड़ोसी अब भी इस घटना पर चर्चा कर रहे हैं।
मामला अप्रैल 2025 की शुरुआत से शुरू हुआ, जब शादी की तैयारियों के बीच महिला घर से नकद और जेवर लेकर राहुल के साथ चली गई। दोनों बाद में बिहार के सीतामढ़ी जिले में रहने लगे, जहां राहुल कपड़ा बेचने का काम कर रहा था।
महिला ने पुलिस में कहा, “अगर मैं गलत होती, तो खुद थाने क्यों आती? मैं अपने साथ जो नकद और जेवर लेकर गई, वह सब दामाद ने खर्च कर दिया। अब उल्टा मुझ पर ही आरोप लगाए जा रहे हैं।” इस बयान के बाद मामला और अधिक उलझता दिख रहा है, और पूरे इलाके में कानाफूसी और सवालों का सिलसिला जारी है।