डिजिटल डेस्क- उत्तर प्रदेश के हमीरपुर जिले से एक बेहद दुखद और झकझोर देने वाला सड़क हादसा सामने आया है। चिकासी थाने की पुलिस जीप बाइक सवार को बचाने के प्रयास में अनियंत्रित होकर पलट गई। इस हादसे में जीप में सवार 55 वर्षीय होमगार्ड बृजेंद्र कुमार की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि उप निरीक्षक मोहित देव गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना के बाद पूरे पुलिस महकमे में शोक की लहर दौड़ गई है। यह हादसा हमीरपुर जनपद के जरिया थाना क्षेत्र अंतर्गत चुरहा गांव के पास हुआ। जानकारी के मुताबिक, चिकासी थाने की पुलिस टीम राठ से पोस्टमार्टम कराकर वापस थाने लौट रही थी। इसी दौरान चुरहा मोड़ के पास अचानक सामने आए एक बाइक सवार युवक को बचाने के प्रयास में पुलिस जीप का संतुलन बिगड़ गया और वह सड़क किनारे पलट गई।
दरोगा को आई गंभीर चोटें
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, हादसा इतना भीषण था कि जीप पलटते ही उसमें सवार पुलिसकर्मी इधर-उधर गिर पड़े। होमगार्ड बृजेंद्र कुमार जीप के नीचे दब गए, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई। वहीं उप निरीक्षक मोहित देव को गंभीर चोटें आईं। घटना के तुरंत बाद आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंचे और पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे। घायल दारोगा मोहित देव को प्राथमिक उपचार के बाद हालत गंभीर देखते हुए उरई मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया गया, जहां उनका इलाज जारी है। डॉक्टरों के अनुसार उनकी स्थिति नाजुक बनी हुई है, लेकिन इलाज किया जा रहा है।
पोस्टमार्टम कराकर लौट रहे थे पुलिसकर्मी
बताया जा रहा है कि हादसे के समय जीप में सवार पुलिसकर्मी एक युवक के शव का पोस्टमार्टम कराकर राठ से चिकासी थाने लौट रहे थे। रास्ते में अचानक बाइक सवार सामने आ गया, जिसे बचाने के प्रयास में यह हादसा हो गया। बाइक सवार युवक सुरक्षित बताया जा रहा है। होमगार्ड बृजेंद्र कुमार की मौत की खबर जैसे ही उनके परिवार को मिली, घर में कोहराम मच गया। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। बृजेंद्र कुमार को एक कर्तव्यनिष्ठ और जिम्मेदार होमगार्ड के रूप में जाना जाता था। ड्यूटी के दौरान इस तरह उनकी मौत ने सभी को भावुक कर दिया है।
सीओ को सौंपी गई जांच
घटना की गंभीरता को देखते हुए पूरे मामले की जांच सरीला क्षेत्राधिकारी (सीओ) को सौंपी गई है। पुलिस का कहना है कि हादसे के सभी पहलुओं की जांच की जा रही है, ताकि यह स्पष्ट हो सके कि दुर्घटना किन परिस्थितियों में हुई और क्या कोई तकनीकी या मानवीय चूक इसमें शामिल थी।