शिव शंकर सविता- महाशिवरात्रि को लेकर काशी विश्वनाथ धाम में तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। मंदिर प्रशासन ने बाबा विश्वनाथ के दर्शन-पूजन और आरती का विस्तृत कार्यक्रम जारी कर दिया है। इस वर्ष श्रद्धालुओं को लगातार 27 घंटे तक बाबा के दर्शन का अवसर मिलेगा। मंदिर प्रशासन के मुताबिक, महाशिवरात्रि पर 12 लाख से ज्यादा श्रद्धालु बाबा के दरबार में हाजिरी लगा सकते हैं। श्रद्धालुओं की सुविधा और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए विशेष व्यवस्था की गई है।
मंगला आरती के बाद से शुरू हो जाएंगे दर्शन
महाशिवरात्रि के दिन यानी 15 फरवरी को बाबा की मंगला आरती सुबह 2:15 बजे शुरू होकर 3:15 बजे तक चलेगी। इसके बाद 3:30 बजे से श्रद्धालुओं के लिए गर्भगृह के कपाट खोल दिए जाएंगे। दर्शन-पूजन की यह व्यवस्था 16 फरवरी सुबह 6:30 बजे तक निर्बाध रूप से जारी रहेगी। दोपहर में 11:40 बजे से 12:20 बजे तक मध्याह्न भोग आरती होगी। परंपरा के अनुसार इस दिन नियमित सप्त ऋषि, भोग और शयन आरती नहीं होगी। इसके स्थान पर चार प्रहर की विशेष आरती कराई जाएगी। वहीं 16 फरवरी को मंगला आरती नहीं की जाएगी।
सुरक्षा के मद्देनजर अतिरिक्त पुलिस बल तैनात
चार प्रहर की आरती में प्रथम प्रहर की आरती रात 10 बजे से 12:30 बजे तक होगी, जिसकी तैयारी 9:30 बजे से शुरू होगी। द्वितीय प्रहर की आरती 1:30 से 2:30 बजे, तृतीय प्रहर की आरती 3:30 से 4:30 बजे और चतुर्थ प्रहर की आरती सुबह 5 बजे से 6:15 बजे तक संपन्न होगी। सुरक्षा व्यवस्था को लेकर मंदिर परिसर और आसपास के इलाकों में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है। साथ ही ड्रोन कैमरों से निगरानी की जा रही है। महाशिवरात्रि के मद्देनजर पुलिस और प्रशासन पूरी तरह सतर्क है।