कांग्रेस में आपसी खींचतान तो वही गैरसैंण पर सियासत गर्म

पूर्व सीएम हरीश रावत द्वारा देवरानी जेठानी के झगड़े की उपमा देते हुए प्रदेश कांग्रेस में कुछ दिन शांति के बाद फिरसे आपसी खींचतान शुरू हो गई  पार्टी के एक गुट द्वारा लगातार बैठक करने पर हरीश रावत का  बयान आया मैं तो जेठानी हु.. जो लगातार अपना काम कर रही है और दूसरों को रावत ने देवरानी कहा जो अब जाग  गई है।
हरक सिंह रावत ने हरीश रावत को टोटकों की राजनीति न करने की सलाह दी थी वही इसके जवाब में हरीश रावत ने राजनीति में टोटकों के बिना राजनीति न चलने की बात कही और वही पार्टी के नेताओं द्वारा स्वयं की पार्टी की आलोचना करने पर उन्हें ताना मारा । 
जहां एक ओर पार्टी में आपसी मतभेद हो रहे हैं वही हरीश रावत चल रहे   गैरसैंण मुद्दे को लेकर  गैरसैंण के लिए रवाना हो चुके है। विधानसभा सत्र के दौरान ऐलान किया था कि वह गैरसैंण में जाकर तालाबंदी करेंगे। हरीश रावत ने भाजपा सरकार पर गैरसैंण की गंभीर उपेक्षा का आरोप लगाया और कहा की मुख्यमंत्री ने राजधानी के लिए 25 हजार करोड़ की घोषणा की थी लेकिन 25 पैसे तक नहीं लगाए जा रहे है । वही इसके जवाब में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने ग्रीष्मकालीन राजधानी बीजेपी सरकार द्वारा बनाए जाने की बात की। मुख्यमंत्री ने राजधानी के विकास के लिए 22 करोड़ का प्रावधान और सरकार को  ग्रीष्मकालीन राजधानी के विकास मॉडल को आगे बढ़ाने के लिए पूरी तरह से प्रतिबद्ध होने की बात की।