कब्रिस्तान में लगाया गया वैक्सीनेशन शिविर

आगरा: कब्रिस्तान का नाम सुनते ही लोगों के रोंगटे खड़े हो जाते हैं लेकिन आगरा में राष्ट्रीय बाल अधिकार संस्था चाइल्ड राइट्स एंड यू (क्राई) और स्वास्थ्य विभाग के संयुक्त तत्वावधान में मंगलवार को कब्रिस्तान में टीकाकरण शिविर लगाया गया। कब्रिस्तान में सैकड़ों परिवार झुग्गी-झोपड़ी बनाकर रहते हैं।

नहीं लगवाई वैक्सीन

चाइल्ड राइट्स एक्टिविस्ट नरेश पारस ने जब यहां का सर्वे किया तो पता चला कि सभी लोग अप्रवासी हैं, जो ढोलक तथा गुब्बारे बेचते हैं। कुछ परिवार कबाड़ा बीनते हैं। भीख मांगते हैं। किसी ने भी कोरोना से बचाव के लिए वैक्सीन नहीं लगवाई थी, न ही ये टीकाकरण को लेकर गंभीर थे।

टीकाकरण के प्रति लोगों को किया जागरूक

क्राई संस्था के वैक्सीनमित्र के रूप में नरेश पारस ऐसे लोगों को टीकाकरण के प्रति जागरूक कर रहे हैं। नरेश पारस ने इनको भी जागरूक किया तो वह टीकाकरण के लिए तैयार हो गए। एसीएमओ डॉ.आरसी माथुर के निर्देशन में स्वास्थ्य के टीकारथ ने क्राई के सहयोग से टीकाकरण शिविर लगाकर करीब 60 लोगों को पहला टीका लगाया गया।

सड़कों पर बेचते हैं सामान 

सामाजिक कार्यकर्ता नरेश पारस ने कहा कि ये लोग सभी के संपर्क में रहते हैं। सामान बेचते है। भीख मांगते समय लोगों को छूते भी हैं, इसलिए इनका टीकाकरण होना बहुत जरूरी है। यूनीसेफ की शायना परवीन ने लोगों को मास्क पहनने और हाथ धोने के लिए जागरूक किया।

टीकाकरण शिविर में सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारी डॉ.हरवेन्द्र सिंह, डॉ.नरोत्तम लाल तथा सतेन्द्र पाल सिंह ने लोगों को वैक्सीन लगाई। इस दौरान एसीएमओ डॉ.आरसी माथुर भी मौके पर मौजूद रहे। आधार कार्ड तथा अन्य पहचान पत्र न होने के कारण कई लोग वैक्सीन लगवाने से वंचित रह गए।