फर्जी IPS अफसर, पैसे ऐंठने के लिए स्कूल में डाली रेड

प्रयागराज : फर्जी आईपीएस बनकर परिषदीय स्कूल के शिक्षक को ब्लैकमेल करने वाले  प्रतियोगी छात्र को एसटीएफ ने गिरफ्तार कर लिया गया है। फर्जी आईपीएस के पास से एक स्कूटी व कुछ दस्तावेज बरामद हुए हैं। एसटीएफ ने फर्जी आईपीएस को सिविल लाइन पुलिस के हवाले कर दिया है जिससे पुलिस द्वारा पूछताछ की जा रही है।

फर्जी आइपीएस अफसर बन पहुंचा स्कूल

सुशील कुमार के मुताबिक फर्जी आइपीएस अफसर ने उनके स्कूल का रजिस्टर मंगवाया और शिक्षकों की हाजिरी जांची. उसकी फोटो कॉपी भी ले ली, साथ ही जांच शुरू होने की रिसीविंग दी. इसके बाद वहीं से शिक्षक सुशील कुमार को कॉल किया। कहा कि आप शिक्षक कैसे बन गए? जब आप बीएससी कर रहे थे तभी आप का शिक्षा मित्र में चयन हो गया। इस तरह से सवाल पूछा और बयान के लिए प्रयागराज बुलाया।

हाई कोर्ट के पास बुलाया

सुशील और राजेश जब प्रयागराज पहुंचे तो फर्जी आइपीएस अफसर ने कहा कि वह पुलिस हेड क्वार्टर के गेस्ट हाउस में रुका है। फिर फोन कर कहा कि हाई कोर्ट के पास आओ। राजेश कुमार और सुशील कुमार हाई कोर्ट पहुंचे लेकिन वहां फर्जी आइपीएस नहीं आया तो इन्हें शक हुआ।

एसटीएफ ने हाई कोर्ट के पास किया गिरफ्तार
सीओ एसटीएफ नवेंद्र सिंह के मुताबिक सुशील और राजेश ने सिविल लाइंस में फर्जीवाड़े की एफआइआर दर्ज कराई है। रविवार को फर्जी आइपीएस ने दोनों को एक बार फिर हाई कोर्ट के पास मिलने बुलाया तो घेराबंदी करके एसटीएफ ने उसे गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में पता चला कि रविंद्र पटेल का असली नाम विपिन चौधरी है। वह महेवाघाट, कौशाम्बी में रहता है। वह प्रयागराज में सिविल सेवा परीक्षा की तैयारी करता है। रुपये ऐंठने के लिए फर्जी आइपीएस बनकर जांच करने पहुंचा था।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *