मौलवी फारूक ने ‘द कश्मीर फाइल्स’ को बैन करने की मांग, कहा- मत भूलें, इस मुल्क पर हमने 800 साल हुकूमत की है

श्रीनगर: कश्मीरी पंडितों के जनसंहार पर आधारित फिल्म ‘द कश्मीर फाइल्स’ पर हर रोज विवाद होता रहता है। अब एक नया विवाद सामने आ रहा है, जम्मू-कश्मीर के राजौरी जिले की जामा मस्जिद के मौलवी फारूक ने ‘द कश्मीर फाइल्स’ को बैन करने की मांग करते हुए भड़काऊ बयानबाजी की है, इसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।

मौलाना फारूक ने कहा कि, इस फिल्म के बहाने मुसलमानों के खिलाफ साजिश की जा रही है. मौलाना ने केंद्र की मोदी सरकार पर भी निशाना साधा है. उन्होंने कहा कि समाज को बांटने के लिए यह फिल्म बनाई गई है. इस फिल्म के जरिए एक दीवार खड़ी करने की कोशिश की जा रही है. हिंदू-मुस्लिमों को आपस में लड़ाकर सियासत करने की कोशिश की जा रही है।

इस मुल्क पर 800 वर्षों तक हुकूमत की है- मौलाना फारूक

मौलाना फारूक ने कहा कि बीते 32 साल में न जाने कितने कश्मीरी मुस्लिम मारे गए लेकिन, उनका कोई जिक्र ही नहीं हो रहा है. कश्मीरी मुस्लिमों के दु:ख-दर्द को भुला दिया गया है. उनका खून किसी को नजर नहीं आता. जामिया मस्जिद के मौलवी ने आगे कहा, ”हम अमनपसंद लोग हैं, हमने इस मुल्क पर 800 वर्षों तक हुकूमत की है, इन लोगों तो ने 70 साल शासन किया है, लेकिन हमारी पहचान को मिटाना मुमकिन नहीं है. तुम मिट जाओगे लेकिन हम नहीं मिटेंगे.”

वीडियो वायरल होने के बाद मौलाना फारूक ने दी सफाई-

वीडियो वायरल होने के बाद मौलाना फारूक ने सफाई देते हुए कहा कि कश्मीरी पंडित जम्मू-कश्मीर का एक अहम हिस्सा हैं। उन्होंने कहा कि, मेरे बयान गलत तरीके से न लिया जाए. हम शांति चाहते हैं और सभी धर्मों का सम्मान करते हैं।

विवादों के बीच, विवेक अग्निहोत्री की फिल्म ‘द कश्मीर फाइल्स’ ने बॉक्स ऑफिस पर 200 करोड़ के आकड़े को पार कर लिया है और 250 करोड़ के आकड़े की ओर बढ़ रही है. यह फिल्म 11 मार्च को रिलीज हुई थी, जिसमें अनुपम खेर, मिथुन चक्रवर्ती, पल्लवी जोशी और दर्शन कुमार ने प्रमुख भूमिकाएं निभाई हैं।