तालिबान ने दिखाई अपनी औकात

अफगानिस्तान में चल रही वर्चस्व की जंग के बीच तालिबान अपनी हरकतों से बाज नहीं आ रहा है। कहीं लोगों को गोलियों से भूना जा रहा है तो कहीं घरों में घुसकर महिलाओं की अस्मत से खिलवाड़ किया जा रहा है। ये वहीं तालिबान है जो काबुल पर कब्जा करने के बाद अन्याय न करने और पुराना तालिबान न होकर नया तालिबान होने का दावा कर रहा था लेकिन आतंकी तालिबान को जब पंजशीर के शेरों ने धूल चटानी शुरू की तो वह अपनी औकात पर गया और फिर शुरू हो गया आतंक का नंगानाच। हद तो तब हो गई जब खिसियाए तालिबान ने राजधानी काबुल में यूक्रेन के एक विमान को हाईजैक कर लिया।

पंजशीर पर नहीं कर पा रहा है कब्जा

अफगानिस्तान में कब्जा करने के बाद तालिबान का देश के 34 राज्यों में से 33 में कब्जा हो गया लेकिन 1 प्रान्त अभी भी उसकी पहुंच से बाहर है और वो है पंजशीर प्रान्त जोकि पंजशीर की घाटी में बसा है यो वहीं पंजशीर है जिसे तालिबान पिछली मर्तबा भी यहां तालिबान को मुंह की खानी पड़ी थी और उसे पटखनी दी थी पंजशीर का शेर कहे जाने वाले अफगान कमाण्डर अजहर शाह मसूद ने और अब वही दोहरा रहा है उसका बेटा अजहर मसूद। अजहर मसूद कार्यवाहक राष्ट्रपति अमरुल्लाह सालेह के साथ मिलकर तालिबान को धूल चटा रहा है जिससे खिसियाकर तालिबान और भी क्रूर हो गया और उसका असली चेहर यूक्रेन के जहाज के अपहरण के बाद साफ हो गया।

यूक्रेन ने हाईजैक की पुष्टि की

यूक्रेन के एक विमान को हाईजैक करने का मामला सामने आया है….यूक्रेन के एक मंत्री ने इसकी पुष्टि भी कर दी है। जानकारी के मुताबिक यह विमान अपने नागरिकों को निकालने के लिए अफगानिस्तान पहुंचा था। यूक्रेन के डिप्टी फॉरेन मिनिस्टर का दावा है कि कुछ अज्ञात लोगों ने यूक्रेनी एयरलाइन के विमान का अपहरण कर लिया है, जिसे नागरिकों को निकालने के लिए काबुल भेजा गया था। रूस की समाचार एजेंसी TASS ने इसकी पुष्टि की है। विमान आखिरी बार हामिद करजई इंटरनेशन एयरपोर्ट पर उतरा था और वहां से ईरान के लिए उड़ान भरी थी। यूक्रेन के डिप्टी विदेश मंत्री येवगेनी येनिन ने रूसी समाचार एजेंसी TASS से कहा कि विमान का अपहरण अज्ञात लोगों द्वारा किया गया था। यूक्रेनियन लोगों के साथ उड़ान भरने के बजाय इसमें कुछ अज्ञात लोग सवार हुए और इरान की तरफ उड़ान भरा। उन्होंने बताया कि इसके बाद भी हमारे तीन एयरलिफ्ट प्रयास सफल नहीं हो पाए हैं, हमारे लोग एयरपोर्ट तक ही नहीं पहुंच पा रहे हैं।
तालिबान की शराफत के सारे दावे खोखले साबित हो रहे हैं और तालिबान फिर अपनी उसी छवि पर लौट रहा है। लोगों का कत्लेआम, शरीयत के नाम पर महिलाओं पर अत्याचार फिर से आम होने लगे हैं। यह कहना जरूरी है कि तालिबान ने दिखा दी औकात।